गर्भवती महिलाओं की जांच कर तत्काल पंजीयन करें-कलेक्टर
मातृ मृत्युदर एवं शिशु मृत्युदर रोकने हेतु किये जा रहें कार्यो की समीक्षा
बेहतर कार्य करने वाली 10 कार्यकर्ताओ को सम्मानित किया जायेगा
श्योपुर - कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में मातृ मृत्युदर एवं शिशु मृत्युदर रोकने हेतु किये जा रहे कार्यो की समीक्षा करते हुए महिला बाल विकास विभाग की सुपरवाईजर को निर्देश दिये कि गर्भवती महिलाओं की जांच कर तत्काल पंजीयन की कार्यवाही की जाये तथा प्रसव पूर्व होने वाली सभी 04 जाचें पूर्ण करते हुए संस्थागत प्रसव कराये जायें। उन्होने कहा कि सेक्टरवार गर्भवती महिलाओं की जानकारी तैयार की जायें। बैठक में सीएमएचओ डॉ बीएल यादव, डीपीओ महिला बाल विकास श्री ओपी पाण्डेय, सहायक संचालक श्री रिशु सुमन, परियोजना अधिकारी श्री नितिन मित्तल, डीपीएम एनआरएचएम श्री सौमित्र बुधोलिया तथा श्योपुर एवं कराहल सेक्टर की सुपरवाईजर व अन्य अधिकारी उपस्थित थे। विजयपुर क्षेत्र के परियोजना अधिकारी तथा सुपरवाईजर गूगल मीट के माध्यम से बैठक मे शामिल रहे।
कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने निर्देश दिये कि महिला बाल विकास विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग का मैदानी अमला समन्वय के साथ काम करे तथा दोनो विभागो की ओर से बनाये गये संयुक्त फारमेट में जानकारी तैयार करें। उन्होने निर्देश दिये कि आंगनबाडी कार्यकर्ता एवं आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर गर्भवती महिलाओ की जानकारी अपडेट करें। प्रसव के बाद भी 42 दिवस तक मॉनीटरिंग की जाना चाहिए। एनिमिया नियंत्रण के तहत आयरन सुक्रोज सहित आयरन की गोली एवं बच्चों को आयरन सीरप का डोज दिया जायें। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व कार्यक्रम अंतर्गत प्रत्येक माह की 09 तारीख को हाईरिस गर्भवती महिलाओं की जांच सभी सेंटरों पर कराया जाना सुनिश्चित करे। उन्होने कहा कि संस्थागत प्रसव शत प्रतिशत कराया जायें। जिलें में पर्याप्त संख्या में जननी वाहन उपलब्ध है, हाल ही में 08 नये जननी वाहन प्राप्त हुए है।
कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने शिशु मृत्युदर के संबंध में निर्देश दिये कि शिशु मृत्युदर रोकने हेतु निर्धारित गतिविधियों के अनुरूप कार्यवाही की जायें। अस्पतालों में एसएनसीयू तथा एनबीएसयू संचालित है, जिनमें 2.5 किलोग्राम से कम वजन के बच्चों को रखा जा सकता है। इसके अलावा दस्तक अभियान सहित अन्य गतिविधियां संचालित है, बच्चों को आगनबाडी के माध्यम से विटामिन सप्लीमेंट की खुराक दी जायें।
कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने निर्देश दिये कि ब्लॉक सहित सेक्टर लेवल पर स्वास्थ्य विभाग एवं महिला बाल विकास विभाग की संयुक्त बैठक निरंतर आयोजित की जायें। उन्होने कहा कि बेहतर काम करने वाली 10 आंगनबाडी कार्यकर्ताओ को सम्मानित किया जायेगा। उन्होने ग्राम दलारना बगीची स्थित आंगनबाडी केन्द्र की कार्यकर्ता श्रीमती सरोज शिवहरे को उनके द्वारा किये गये सामाजिक कार्य के लिए सम्मानित करने के निर्देश भी दियें। ज्ञातव्य है कि श्रीमती सरोज शिवहरे की समझाइश पर ग्राम की एक युवती को विवाह वाले दिन ही परीक्षा होने पर उसके परिजनों ने विवाह से पहले परीक्षा में शामिल होने दिया था।
इस अवसर पर सीएमएचओ डॉ बीएल यादव एव डीपीओ श्री ओपी पाण्डेय द्वारा विभागीय गतिविधियों का प्रस्तुतीकरण किया गया।
मातृ मृत्युदर एवं शिशु मृत्युदर रोकने हेतु किये जा रहें कार्यो की समीक्षा
बेहतर कार्य करने वाली 10 कार्यकर्ताओ को सम्मानित किया जायेगा
श्योपुर - कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में मातृ मृत्युदर एवं शिशु मृत्युदर रोकने हेतु किये जा रहे कार्यो की समीक्षा करते हुए महिला बाल विकास विभाग की सुपरवाईजर को निर्देश दिये कि गर्भवती महिलाओं की जांच कर तत्काल पंजीयन की कार्यवाही की जाये तथा प्रसव पूर्व होने वाली सभी 04 जाचें पूर्ण करते हुए संस्थागत प्रसव कराये जायें। उन्होने कहा कि सेक्टरवार गर्भवती महिलाओं की जानकारी तैयार की जायें। बैठक में सीएमएचओ डॉ बीएल यादव, डीपीओ महिला बाल विकास श्री ओपी पाण्डेय, सहायक संचालक श्री रिशु सुमन, परियोजना अधिकारी श्री नितिन मित्तल, डीपीएम एनआरएचएम श्री सौमित्र बुधोलिया तथा श्योपुर एवं कराहल सेक्टर की सुपरवाईजर व अन्य अधिकारी उपस्थित थे। विजयपुर क्षेत्र के परियोजना अधिकारी तथा सुपरवाईजर गूगल मीट के माध्यम से बैठक मे शामिल रहे।
कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने निर्देश दिये कि महिला बाल विकास विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग का मैदानी अमला समन्वय के साथ काम करे तथा दोनो विभागो की ओर से बनाये गये संयुक्त फारमेट में जानकारी तैयार करें। उन्होने निर्देश दिये कि आंगनबाडी कार्यकर्ता एवं आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर गर्भवती महिलाओ की जानकारी अपडेट करें। प्रसव के बाद भी 42 दिवस तक मॉनीटरिंग की जाना चाहिए। एनिमिया नियंत्रण के तहत आयरन सुक्रोज सहित आयरन की गोली एवं बच्चों को आयरन सीरप का डोज दिया जायें। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व कार्यक्रम अंतर्गत प्रत्येक माह की 09 तारीख को हाईरिस गर्भवती महिलाओं की जांच सभी सेंटरों पर कराया जाना सुनिश्चित करे। उन्होने कहा कि संस्थागत प्रसव शत प्रतिशत कराया जायें। जिलें में पर्याप्त संख्या में जननी वाहन उपलब्ध है, हाल ही में 08 नये जननी वाहन प्राप्त हुए है।
कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने शिशु मृत्युदर के संबंध में निर्देश दिये कि शिशु मृत्युदर रोकने हेतु निर्धारित गतिविधियों के अनुरूप कार्यवाही की जायें। अस्पतालों में एसएनसीयू तथा एनबीएसयू संचालित है, जिनमें 2.5 किलोग्राम से कम वजन के बच्चों को रखा जा सकता है। इसके अलावा दस्तक अभियान सहित अन्य गतिविधियां संचालित है, बच्चों को आगनबाडी के माध्यम से विटामिन सप्लीमेंट की खुराक दी जायें।
कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने निर्देश दिये कि ब्लॉक सहित सेक्टर लेवल पर स्वास्थ्य विभाग एवं महिला बाल विकास विभाग की संयुक्त बैठक निरंतर आयोजित की जायें। उन्होने कहा कि बेहतर काम करने वाली 10 आंगनबाडी कार्यकर्ताओ को सम्मानित किया जायेगा। उन्होने ग्राम दलारना बगीची स्थित आंगनबाडी केन्द्र की कार्यकर्ता श्रीमती सरोज शिवहरे को उनके द्वारा किये गये सामाजिक कार्य के लिए सम्मानित करने के निर्देश भी दियें। ज्ञातव्य है कि श्रीमती सरोज शिवहरे की समझाइश पर ग्राम की एक युवती को विवाह वाले दिन ही परीक्षा होने पर उसके परिजनों ने विवाह से पहले परीक्षा में शामिल होने दिया था।
इस अवसर पर सीएमएचओ डॉ बीएल यादव एव डीपीओ श्री ओपी पाण्डेय द्वारा विभागीय गतिविधियों का प्रस्तुतीकरण किया गया।
